Wednesday, July 24, 2013

कुछ तुम करो कुछ हम


खुश हुए ए देख के कोई हम से भी उम्मीद लगाए बैठा हे
रब करे ए ता-उम्र हम बरकरार रख पाए 
होसला है उड़ने का, फिर भ़ी जमीन से जुड़े हैं
आप सिर्फ साथ दो, आसमान भी नीचे ले आएँगे.

Wednesday, July 17, 2013

इतिहास

कभी कुछ ख्वाब देखे थे मैने
रहेंगे हम उनके संग
ना हासिल हुआ उनका साथ
ना रेह पाये सफर मैं कभी हम
जुनून सा था दिल मैं
फितूर था दिमाग का
कुछ ….केह गये मुझसे 
पर समझा नहीं कभी
आज जल रहा है सीना
दूरी सही नहीं जाती 
जानते हैं कभी करीब ना आ सकेंगे
कट रही है ज़िंदगी बस याद मैं
और कोई खुस है अपनी ज़िंदगी के सौगात मैं.

Friday, July 12, 2013

बीते हुए दिन


सुना है वो गाना - कोई लौटा दे मेरे बीते हुए दिन
और आज भी सुनता हूँ - वो पुराने जीन

कॉलेज की वो तंग गलियाँ आज याद आ रही हैं
आ रही है याद वो साइकल स्टॅंड से लड़कियों को ताकना

छात्रों की हसी की गूंज अब भी नयी लगती है

पीछे ले जाती हैं वो क्लास रूम में

जहां उम्र को ना है कोई पाबंदी

बस मर्ज़ी करती है राज

एहसास का मतलब समझ में आना देखा हैं वहीँ

वहां देखा है किसी को प्यार में डूबता हुआ

सोच सुकून से आराम फरमाया तभी

दिमाग ने भी साथ छोड़ दी

दिल से हुए मजबूर हर कोई
मम्मी पापा की बात ज़्यादा ज्ञान लगी

तन्हाई पसंद ना थी तभी

दोस्त बन गये थे ज़िंदगी

आज भी याद है वो ग्राउंड की मस्ती और प्रिन्सिपल की डांट

वीरान पड़ा क्लास रूम और भरा हुआ कॅंटीन

तंग गलियों से निकल के पहुँचता हूँ आज ऑफीस
काम के बहाने याद करता हूँ वो बीते पल

किसी ने साथ दिया और कोई छोड़ गया अपना साथ चलते चलते
कोई शिकायत नहीं किसी से
क्यूंकि जानता हूँ ...... सब को याद आएगा - वो बीते हुए दिन.....